स्काईफोर्स – 1965 के युद्ध की वह अनकही कहानी जो अमेज़न प्राइम पर छा रही है!

1. परिचय: इतिहास का वह पन्ना जो फिल्मों में कम देखने को मिला

अमेज़न प्राइम पर रिलीज़ हुई “स्काईफोर्स” 1965 के भारत-पाक युद्ध की उस ऐतिहासिक घटना को पर्दे पर लाती है, जब भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के सबसे सुरक्षित एयरबेस सरगोधा पर हमला कर 10 दुश्मन विमानों को तबाह कर दिया था। निर्देशक संदीप केवलानी और अभिषेक अनिल कपूर ने इस घटना को एक काल्पनिक रूप (स्क्वाड्रन लीडर अज्मंदा बी देवैया के साहस से प्रेरित) में पेश किया है, जहाँ अक्षय कुमार एक देशभक्त ऑफिसर की भूमिका में नज़र आ रहे हैं।

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2. असली नायक: वह हीरो जिसे इतिहास ने भुला दिया

फ़िल्म का केंद्रीय किरदार कृष्ण विजयन (वीर पहारिया) है, जो असल ज़िंदगी के स्क्वाड्रन लीडर अज्मंदा बी देवैया से प्रेरित है। देवैया का योगदान दो दशकों तक इतिहास के पन्नों में दबा रहा, जब तक उनके टीम लीडर विंग कमांडर ओ.पी. तनेजा ने सच्चाई सामने नहीं लाई। फ़िल्म में यही “सरप्राइज फैक्टर” दिखाया गया है – एक ऐसा नायक जो लड़ाई के मैदान में तो जीत गया, लेकिन आधिकारिक उदासीनता के कारण गुमनामी में खो गया।

3. अक्षय कुमार: देशभक्ति का परचम या स्क्रीन टाइम की भूख?

अक्षय कुमार के किरदार कुमार ओम आहूजा को फ़िल्म का नैरेटर बनाया गया है, लेकिन यहीं से समस्या शुरू होती है। स्टार की मौजूदगी इतनी भारी है कि असली नायक विजयन (वीर पहारिया) सहायक भूमिका में सिमट जाता है। ज़्यादातर दृश्यों में अक्षय का ट्रेडमार्क उत्साह और भाषणबाज़ी हावी है, जो कहानी के भावनात्मक सफर को बाधित करती है।

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4. वीएफएक्स और एक्शन: हवा में जंग, ज़मीन पर धमाल

फ़िल्म का सबसे मज़बूत पहलू है हवाई लड़ाई के दृश्य। कंप्यूटर-जनरेटेड VFX के ज़रिए मिस्टीर और स्टारफाइटर विमानों की टक्कर दर्शकों को रोमांचित करती है। खासकर आखिरी 20 मिनट में जब विजयन की बहादुरी सामने आती है, तो एक्शन और भावनाएँ एक साथ उबाल पर होते हैं।

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5. कमज़ोर कड़ियाँ: महिला पात्रों की उपेक्षा और दुश्मन का एकांगी चित्रण

  • सारा अली खान और निमरत कौर जैसी अभिनेत्रियों को स्क्रिप्ट में गहराई नहीं मिली।
  • – पाकिस्तानी पायलट अमजद हुसैन (शरद केलकर) का किरदार भी फुटनोट जितना ही है, जबकि असल ज़िंदगी में उनकी किताब ने देवैया के योगदान को उजागर किया था।

6. क्यों देखें?: इतिहास और मनोरंजन का मिश्रण

अगर आप देशभक्ति और एयर एक्शन का मिश्रण पसंद करते हैं, तो ऐतिहासिक गहराई या पात्रों के विकास की उम्मीद कर रहे हैं, तो यह फ़िल्म आपको थोड़ी निराश कर सकती है।

7. स्काईफोर्स की खास बातें

  • देखने का सही तरीका: अगर आप हवाई युद्ध के दृश्यों का मज़ा लेना चाहते हैं, तो इसे HD TV या लैपटॉप पर देखें। मोबाइल स्क्रीन पर VFX का असर कम होगा।
  • कैमियो अलर्ट: फिल्म में PAF पायलट अमजद हुसैन का किरदार असल ज़िंदगी के पाकिस्तानी लेखक पर आधारित है, जिनकी किताब ने भारतीय वायुसेना के योगदान को उजागर किया।
  • ट्रिविया: फिल्म के क्लाइमैक्स में दिखाए गए मिस्टीर विमान को असली 1965 के मॉडल से डिज़ाइन किया गया है।

8. निष्कर्ष

1965 के युद्ध की इस अनकही वीरगाथा को “स्काईफोर्स” एक ब्लॉकबस्टर पैकेज में पेश करती है। अमेज़न प्राइम पर उपलब्ध यह फ़िल्म भारतीय वायुसेना के गौरवशाली इतिहास को समर्पित है, लेकिन स्टार पावर और कहानी के बीच संतुलन की कमी इसे पूर्णता से चूक जाने देती है।

कैटेगरी डिटेल्स
निर्देशक संदीप केवलानी, अभिषेक अनिल कपूर
निर्माता अमर कौशिक (दिनेश विजन के साथ)
मुख्य कलाकार अक्षय कुमार, वीर पहारिया, सारा अली खान, निमरत कौर, मनीष चौधरी, वरुण बडोला
रनटाइम 125 मिनट
रिलीज़ डेट (OTT) 15 March 2025 (Amazon Prime पर उपलब्ध)
रिलीज़ डेट (थिएटर) 24 January 2025
बजट अनुमानित ₹160-170 करोड़
कुल कमाई ₹144-168 करोड़
रेटिंग IMDb: 7.0/10

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